12/1/26 लखनऊ:- राष्ट्रीय सनातन संघ के बैनर तले स्वामी विवेकानंद एवं महर्षि महेश योगी की जयंती पर संगीत नाटक अकादमी में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके साथ पदयात्रा एवं सगोष्ठी का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर संगीत नाटक अकादमी से विभिन्न स्कूलों के हजारों बच्चों ने स्वामी विवेकानंद एवं महर्षि महेश योगी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाते हुए पदयात्रा निकाली।
पदयात्रा को वन मंत्री ने दिखाई झंडी
इस पदयात्रा को उप्र सरकार वन एवं पर्यावरण मंत्री डा. अरुण कुमार सक्सेना ने भगवा झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस अवसर पर डा. अरुण कुमार सक्सेना ने कहा कि आज के विद्यार्थियों को अपने जीवन में स्वामी विवेकानंद के विचारों को आत्मसात करने की जरूरत है।”
“विद्यार्थियों को जब भी जीवन में निराशा हो तो उनके स्वामी विवेकानंद के विचारों को ध्यान करने की जरूरत है। श्री सक्सेना ने कहा कि दोनो विभूतियों ने यही मस्तिष्क रीचार्ज करना हो तो विवेकानंद और महर्षि को पढ़ो.”
कामों में पूरी ईमानदारी बरतें तो दुनिया सुनती है: डा. अरुण सक्सेना
डा. सक्सेना ने कहा कि “महापुरुष ने सिखाया है कि हम अपने कामों में पूरी ईमानदारी बरतें, अगर हमें पढ़ाई करनी है तो इसका दिखावा न करके केवल पढ़ायी ही करनी है। उनके इन्हीं विचारों को लेकर आज के समय में विवेकानंद और महर्षि योगी के विचारों की उपयोगिता विषय पर इस संगोष्ठी का आयोजन किया गया है।
कार्यक्रम का शुभारंभ उत्तर प्रदेश सरकार में वन एवं पर्यावरण मंत्री डा. अरुण कुमार सक्सेना, केजीएमयू के रेस्परेटरी विभाग के विभागाध्यक्ष डा. सूर्यकांत, गोशाला एवं अनुसंधान परिषद के अध्यक्ष गौतम ऋषि वरिष्ठ भाजपा प्रवक्ता हरीशचंद्र श्रीवास्तव, महषि विश्वविद्यालय के प्रबंधक अनूप कुमार श्रीवास्तव ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत माँ सरस्वती वंदना से शुरू हुआ। इसी क्रम में महर्षि विश्विद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा गंगा अवतरण और महषि योगी द्वारा चलायी गयी राम मुद्रा पर आधारित एक लघु नाटिका का आयोजन किया गया। मुख्यअतिथि डा. अरुण सक्सेना का स्वागत संस्था के अध्यक्ष दिनेश खरे द्वारा पुष्प व स्मृति चिन्ह देकर माला व शाल पहनाकर स्वागत किया गया।
इसी तरह अन्य अतिथियों का भी स्वागत स्मृति चिन्ह, अंगवस्त्र व पुष्प देकर किया गया। जबकि वरिष्ठ चिकित्सक एवं केजीएमयू के रेस्परेटरी विभाग के विभागाध्यक्ष डा. सूर्यकांत ने बड़ी संख्या में मौजूद छात्र-छात्राओं से संवाद किया।
उन्होंने बच्चों से संवाद में पूछा कि “क्या उन्हें विवेकानंद और उनके जीवन से जुड़े प्रमुख पहलू याद हैं।” उन्होनें कहा कि “जब हमारा मोबाइल डिस्चार्ज हो जाता है तो हम उसे चार्ज कर लेते हैं लेकिन जब हमारा मस्तिष्क थक जाये तो हमें विवेकानंद, महर्षि योगी और साहित्यकारों को पढ़कर अपना दिमाग चार्ज करना चाहिए।”
उन्होंने कहा कि “सनातन संघ हमें ऐसी महान विभूतियों को सम्मानित करने का मौका दे रहा है यह हमारे लिये गौरव का पल है।”
संस्थान के अध्यक्ष श्री दिनेश खरे ने कहा कि “राष्ट्रीय सनातन संघ का उद्देश्य ऐसी शख्सियतों के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का है जिन्होंने हमारे समाज को दुनिया में ख्याति दिलायी है।” उन्होंने कहा कि “आगे आने वाले समय में हम इसी तरह के अन्य कार्यक्रम करेंगे चाहे सुभाष जयंती हो, लाल बहादुर शास्त्र की जयंती हो”।
श्री दिनेश खरे ने कहा कि राष्ट्रीय सनातन संघ आगे आने वाले समय में गो-सेवा, निर्बल सेवा, गरीब बच्यिों के विवाह जैसे कार्यक्रमों को भी अंजाम देगा।
वरिष्ठ भाजपा प्रवक्ता हरीशचंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि स्वामी विवेकानंद और महर्षि महेश योगी ने हमारे समाज ने बहुत कुछ दिया है, हमें हमेशा उनका कृतज्ञ होना चाहिए। स्वामी जी ने विदेशों में ख्याति फैलायी तो महर्षि ने अपनी योग की ताकत से दुनिया का परिचय करवाया।”
इसके उपरांत सदस्यों को सम्मानित कर कार्यक्रम का संपन्न हुआ।