16/04/26 नई दिल्ली:– संसद का विशेष सत्र गुरुवार से शुरू हो गया. बिल पेश होते सदन में हंगामा मच गया. सुबह से दोपहर तक की कार्रवाई में विपक्ष के कई नेताओं ने परिसीमन बिल पर विरोध जताया. अखिलेश यादव ने कहा कि हम महिला आरक्षण पर साथ हैं, लेकिन भाजपाई साजिश के खिलाफ. वहीं इससे पहले उनकी मुस्लिम महिलाओं के लिए सवाल पर अमित शाह ने कहा- “समाजवादी पार्टी पूरी टिकटें मुस्लिम महिलाओं को दे दे, हमें कहां आपत्ति है.”
दोपहर बाद पीएम मोदी ने भी परिसीमन बिल पर अपनी बात रखी, उन्होंने महिला आरक्षण बिल से जुड़े संशोधनों पर कहा कि “हमारे देश में जब जब चुनाव आया है उसमें महिलाओं को मिलने वाले इस अधिकार का जिस-जिसने विरोध किया है. उसका हाल बुरे से बुरा किया है. कभी माफी नहीं मिली. पीएम मोदी ने कहा कि मैं वादा और गारंटी देता हूं कि इस बिल में किसी राज्य के साथ भेदभाव नहीं होगा, अनुपात भी नहीं बदलेगा”.
मेरी ओर से वादा भी ,गारंटी भी – PM मोदी
पीएम मोदी बोले- अगर आपको गारंटी चाहिए तो वो भी देता हूं. मैं कहना चाहूंगा कि यहां बैठकर हमें संविधान ने देश को टुकड़ों के रूप में सोचने का अधिकार ही नहीं दिया है. कश्मीर हो या कन्या कुमारी हम एक देश के रूप में ही इसे सोच सकते हैं. ये प्रक्रिया किसी के साथ अन्याय नहीं करेगी. भूतकाल में जो सरकार रहीं, जो उस समय से अनुपात चला आ रहा है उसमें भी बदलाव नहीं होगा.
पीएम मोदी ने कहा कि अगर गांरटी शब्द चाहिए तो मैं वह शब्द भी उपयोग करता हूं, वादा की बात करते हो तो उसे भी इस्तेमाल करता हूं. तमिल में कोई शब्द हो तो मैं उसे भी कहता हूं, क्योंकि जब नीयत साफ है तो शब्दों का खेल करने की जरूरत नहीं है.
निर्णय ही नहीं हमारी नीयत भी देखेगी नारी- PM मोदी
पीएम मोदी बोले “मैं अपील करने आया हूं कि इसको
राजनीतिक तराजू से मत तौलिए. आज का यह अवसर एक साथ बैठकर एक दिशा में सोचकर विकसित भारत बनाने में खुले मन से स्वीकार करने का अवसर है. मैंने पहले भी कहा कि आज पूरा देश विशेषकर नारी शक्ति हमारे निर्णय तो देखेगी लेकिन उससे ज्यादा हमारी नीयत को देखेगी, इसलिए हमारी नीयत की खोट देश की नारी शक्ति कभी माफ नहीं करेगी.
समय की मांग, इसमें अब देर न करें- PM मोदी
पीएम मोदी ने कहा- पिछले दिनों जब हम 2023 में चर्चा कर रहे थे तब हर कोई कह रहा था कि इसे जल्दी करो. तब हमारे पास समय नहीं था. अब हम इसे 2029 में करने वाले हैं. इसलिए समय की मांग है कि हम और ज्यादा विलंब न करें. हमने इस दौरान संविधान के जानकार लोगों से चर्चा की, सारा मंथन करते- करते यह सामने आया कि कुछ रास्ता निकालना होगा तब हम माता बहनों की शक्ति को जोड़ सकते हैं.
भ्रम में न रहें- PM मोदी
हम भ्रम में न रहें, मैं और तुम की बात नहीं कर रहा हूं मैं कि हम देश की नारी शक्ति को कुछ दे रहे हैं. ये उनका हक है और हमने कई दशकों से उसको रोका है. आज उसका प्रायश्चित करके उस अपराध से मुक्ति पाने का अवसर है.
हम सब जानते हैं कि कैसे चालाकी चतुराई की है.”
“हम इसके पक्ष में ही हैं, लेकिन हर बार कोई न कोई टेक्निकल पूंछ लगाकर रोक दिया गया. लेकिन अब देश की नारी को नहीं समझा पाओगे. सदन में नंबर का खेल तो बाद में सामने आएगा. 3 दशक तक इसको फंसाकर रखा, जो करना था कर लिया। अब छोड़ दो न भाई…. “यहां कुछ लोगों को लगता है, इसमें कहीं न कहीं मोदी का राजनीतिक स्वार्थ है.”
मैं क्रेडिट का ब्लैंक चेक दे रहा हूं- PM मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि “कुछ लोगों को लगता है, इसमें कहीं न कहीं मोदी का राजनीतिक स्वार्थ है. इसका अगर विरोध करेंगे तो स्वाभाविक है कि राजनीतिक लाभ मुझे होगा, अगर साथ चलेंगे तो किसी को भी नुकसान नहीं होगा.”
“हमें क्रेडिट नहीं चाहिए जैसे ही पारित हो जाए तो मैं एड देकर सबको धन्यवाद देने को तैयार हूं. सबकी फोटो छपवा देंगे. ले लो जी क्रेडिट….. “सामने सेक्रेडिट का ब्लैंक चेक आपको दे रहा हूं.”
BJP का नारी को नारा बनाने की कोशिश:-अखिलेश यादव
इससे पहले अखिलेश यादव ने कहा “अब भारतीय जनता पार्टी नारी को नारा बनाने की कोशिश कर रही है। जिन्होंने नारी को अपने संगठन में नहीं रखा वे उसके मान सम्मान को कैसे रखेंगे।
“बिलों पर चर्चा के लिए 16 और 17 अप्रैल को 15 घंटे का समय तय किया गया है। शाम 4 बजे वोटिंग की जाएगी। संशोधन बिल में लोकसभा सांसदों की संख्या 850 करने का प्रस्ताव है।”
महिला आरक्षण का मुद्दा दोबारा क्यों उठाया:-कांग्रेस
कांग्रेस सांसद कुमारी शैलजा ने कहा, “महिलाओं के लिए आरक्षण का किसी ने कभी विरोध नहीं किया। इसे सर्वसम्मति से पारित किया गया था। इसे बार-बार दोहराने का कोई मतलब नहीं है। असली सवाल यह है कि आपने इसे फिर से किस मकसद से उठाया है”?
“इसे इतनी जल्दबाजी में पेश करने और इसे परिसीमन से जोड़ने के पीछे क्या उद्देश्य है? यह कि नई जनगणना जल्द ही होने वाली है, आपको पहले उसका इंतजार करना चाहिए था।